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दांत दर्द के लिए लाभकारी है हींग, जानें इसके अन्य फायदे

दांत दर्द के लिए लाभकारी है हींग, जानें इसके अन्य फायदे

Health
सब्जी व दाल में तड़का लगा कर उनका स्वाद बढ़ाने वाली हींग कई बीमारियों के लिए फायदेमंद मानी जाती है। आइये जानते हैं हींग से होने वाले फायदों के बारे में। त्वचा संबंधी रोग : दाद, खाज, खुजली या अन्य त्वचा संबंधी परेशानी होने पर हींग को पानी में घिसकर उस स्थान पर लगाएं। दांत में कीड़ा : दांत में कीड़ा लगने पर हींग का छोटा टुकड़ा सोते वक्त दांत में दबाकर सोएं। इसे पानी में उबालकर कुल्ला करने से दांतों के दर्द में लाभ होता है। पेट संबंधी परेशानी : इसमें मौजूद एंटी-इन्फ्लेमेट्री व एंटीऑक्सीडेंट्स पेट संबंधी परेशानियों जैसे अपच, एसिडिटी आदि में सहायक हैं। एसिडिटी होने पर थोड़ी हींग को अजवाइन व काले नमक के साथ लेने से लाभ होता है। वहीं इसे पानी में घिसकर नाभि के आसपास लगाने से भी आराम मिलता है। खांसी में फायदेमंद : चुटकीभर हींग अदरक व शहद के साथ खाने से खांसी दूर होती है। Patrika : India's Leading
3 साल से एक मुस्लिम शख्स कर रहा है राम मंदिर की साफ-सफाई का काम, इसके पीछे बताई खास वजह

3 साल से एक मुस्लिम शख्स कर रहा है राम मंदिर की साफ-सफाई का काम, इसके पीछे बताई खास वजह

India
नेशनल डेस्क, बेंगलुरु. कर्नाटक की राजधानी बेंगलुरु में एक राम मंदिर है। राम नवमी में वहां भक्तों की भीड़ लगती है। लेकिन इससे भी ज्यादा खास बात ये है कि इस मंदिर की सफाई का कामएक मुस्लिम करता है। पश्चिम बेंगलुरु केराजाजी नगर में बने इस राम मंदिर की साफ-सफाई की जिम्मेदारी यहां रहने वाले सद्दान हुसैनकीहै। उन्होंने कहा कि मुझे यहां मंदिर की साफ-सफाई करनाबहुत अच्छा लगता है। लोग मेरे काम की काफी तारीफ करते हैं। मैं यहां पर पिछले तीन साल से काम कर रहा हूं।27 साल के हैं सद्दाम : न्यूज एजेंसी के मुताबिक सद्दाम की उम्र 27 साल है। जब उनसे पूछा गया कि आखिर वो मंदिर की सफाई क्यों करते हैं तो उनका बस एक ही जवाब था, कि उन्हें ऐसा करने में बहुत अच्छा महसूस होता है। मंदिर के अलावा सद्दाम दूसरे लोगों की मदद भी करते हैं। जैसे किसी के घर का सामान शिफ्ट करवाना हो तो वो हमेशा हाजिर रहते हैं।
18 आचार्यों की देन है ‘सिद्धा पद्धति’, जानें इसके बारे में

18 आचार्यों की देन है ‘सिद्धा पद्धति’, जानें इसके बारे में

Health
तमिलनाडु की पारंपरिक चिकित्सा पद्धति 'सिद्धा' आधुनिक जीवनशैली की वजह से होने वाली बीमारियों के इलाज में कारगर साबित हो रही है। इसी वजह से लगभग चार हजार वर्ष पुरानी यह चिकित्सा पद्धति मेट्रो शहरों में भी अपनाई जाने लगी है। कई देशों में सिद्धा के डॉक्टर प्रैक्टिस कर रहे हैं। थाईलैंड में तो इसे सरकारी मान्यता भी मिल चुकी है। कई बातों में समानता होने के कारण आमतौर पर लोग इसे आयुर्वेदिक पद्धति का ही अंग समझ लेते हैं लेकिन यह उससे अलग है। 'सिद्धा' जीवनशैली से जुड़ी बीमारियों जैसे तनाव, अनिद्रा, ब्लड प्रेशर आदि के इलाज में प्रभावी है। उपचार के दौरान इसमें बच्चे, गर्भवती महिला और बुजुर्गों के हिसाब से अलग विधि से दवा तैयार की जाती हैं। राजस्थान सरकार ने प्रदेश में 'सिद्धा' को बढ़ावा देने के लिए इनके संस्थानों से करार किया है। आइए जानते हैं इस चिकित्सा पद्धति के बारे में- प्रोसेस्ड फूड -इस चिकित्सा
सेहत के लिए बहुत लाभकारी है जीरा, जानें इसके फायदे

सेहत के लिए बहुत लाभकारी है जीरा, जानें इसके फायदे

Health
सब्जी व दाल में प्रयोग किया जाने वाला जीरा सिर्फ खाने का ही स्वाद नहीं बढ़ाता बल्कि यह कई तरह की शारीरिक परेशानियां भी दूर करता है- मोटापा हो तो : एक बड़ा चम्मच जीरा एक गिलास पानी में भिगों दें। सुबह इस पानी को उबालकर गुनगुना पिएं व जीरा चबाकर खा लें। ध्यान रखें इसको लेने के एक घंटे बाद तक कुछ न खाएं। हथेलियों में जलन : जीरे को पानी में उबालकर ठंडा करके या गुनगुना पिएं। गुनगुना पानी ज्यादा फायदा करेगा। पाचनतंत्र सुधारे : हींग, जीरा व काले नमक को समान मात्रा में मिलाकर चूर्ण बना लें व इसे दिन में भोजन के साथ दही में बुरक कर खाने से पाचनक्रिया दुरुस्त रहती है। जब जी मिचलाए : नींबू के रस में जीरे व चुटकीभर नमक बुरक कर खाने से परेशानी दूर हो जाती है। इसके अलावा जीरा, लौंग, काली मिर्च व शक्कर को मिलाकर चूर्ण बना लें इसे शहद के साथ लेने से भी जी मिचलाने की समस्या दूर होती है। रूसी से छुटकारा : ज
नगर निगम ऑफिस में दलाल सक्रिय न हों इसके लिए दो कर्मचारी हर वक्त रखेंगे निगाह

नगर निगम ऑफिस में दलाल सक्रिय न हों इसके लिए दो कर्मचारी हर वक्त रखेंगे निगाह

Haryana
भ्रष्टाचार मुक्त होगा निगम: मेयर चौहान मेयर मदन चौहान ने निगम कमिश्नर पूजा चांवरिया के कदम की प्रशंसा की है। उन्होंने कहा कि यह बेहतर प्रयास है। अब तक किसी दूसरी निगम अधिकारी ने ऐसी कसरत नहीं की थी। चौहान ने कहा कि अगर निगम में किसी भी ब्रांच से भ्रष्टाचार की शिकायत आई तो उसके खिलाफ ठोस कार्रवाई की जाएगी। हमारा मकसद निगम को पूरी तरह भ्रष्टाचार मुक्त करना है। Download Dainik Bhaskar App to read Latest Hindi News Today Yamunanagar News - haryana news to keep the broker not active in the municipal office two employees will keep their eyes open Dainik Bhaskar
महिलाओं में बढ़ रही है घुटनों की तकलीफ, जानें इसके बारे में

महिलाओं में बढ़ रही है घुटनों की तकलीफ, जानें इसके बारे में

Health
बढ़ती उम्र के साथ अक्सर घुटनों में तकलीफ हो जाती है लेकिन आजकल यह समस्या कम उम्र के लोगों में भी हो रही है। इसे नी-आर्थराइटिस कहते हैं। अमरीका के एक सर्वे के मुताबिक भारत में करीब 15 करोड़ लोग इस समस्या से जूझ रहे हैं जिनमें पुरुषों के मुकाबले महिलाओं की संख्या अधिक है क्योंकि ज्यादातर महिलाओं में विटामिन-डी की कमी पायी जाती है। ये हैं कारण : मोटापा (25से अधिक बीएमआई वाले लोग), आनुवांशिकता, अत्यधिक सीढिय़ां चढ़ना, सही तरह के जूते-चप्पलों का प्रयोग न करना, जोड़ों में फ्रेक्चर, कैल्शियम, विटामिन-डी व प्रोटीन की कमी आदि। लक्षण व जांच : घुटनों में अकड़न, दर्द व आवाज, चाल में टेढ़ापन, सीढिय़ां चढ़ने-उतरने में दिक्कत आदि प्रमुख लक्षण हैं। एक्स-रे से इसकी पहचान हो जाती है। उपचार : प्रारंभिक स्थिति में फिजियोथैरेपिस्ट की मदद से कुछ व्यायाम करके व डॉक्टर की सलाह से कुछ दवाएं लेकर इसे काबू किया जा स
राजस्थान कांग्रेस के इन दो बड़े नेताओं के बीच भरे मंच पर ही हो गया कुछ ऐसा कि एक ने दूसरे को दिखा दी अंगुली, इसके बाद फिर…

राजस्थान कांग्रेस के इन दो बड़े नेताओं के बीच भरे मंच पर ही हो गया कुछ ऐसा कि एक ने दूसरे को दिखा दी अंगुली, इसके बाद फिर…

Rajasthan
जयपुर। जयपुर शहर से कांग्रेस प्रत्याशी एवं पूर्व महापौर ज्योति खंडेलवाल के चुनाव कार्यालय के उद्घाटन के दौरान गुरुवार को पार्टी के दो बड़े नेताओं के बीच खींचतान सामने आई। ये दो बड़े नेता परिवहन मंत्री प्रताप सिंह खाचरियावास तथा विधानसभा में मुख्य सचेतक महेश जोशी हैं। लोकसभा चुनावः राजस्थान में बसपा की पांच उम्मीदवारों कि एक और सूची जारी यह वाक्या उस समय देखने को मिला जब ज्योति खंडेलवाल के चुनाव कार्यालय के उद्घाटन कार्यक्रम में विधायक महेश जोशी भाषण दे रहे थे। इसी दौरान मुख्यमंत्री अशोक गहलोत व उपमुख्यमंत्री सचिन पायलट कार्यक्रम में पहुंचे से प्रतापसिंह खाचरियावास विधायक महेश जोशी से माइक छीनकर बोलने लगे। इस बात से महेश जोशी नाराज होकर अपनी सीट पर जा बैठे। बाद में परिवहन मंत्री प्रताप सिंह खाचरियावास को जब महेश जोशी की नाराजगी का अहसास हुआ तो वे उनके पास पहुंचकर उन्हें भाषण देने
गूगल अर्थ पर ‘मैरी मी’ लिखकर प्रपोज किया, इसके लिए 7000 किमी की यात्रा की

गूगल अर्थ पर ‘मैरी मी’ लिखकर प्रपोज किया, इसके लिए 7000 किमी की यात्रा की

India
टोक्यो.जापान के रहने वाले एक युवकनेप्रेमिका को शादी का प्रपोजल गूगल अर्थ कीमदद सेजापान के नक्शे पर 'मैरी मी' ड्रॉइंग करके दिया। इसके लिए उसने जीपीएस का इस्तेमाल किया और6 महीने में 7000 किमी की यात्रा की। उसके इस अनोखे तरीके को गिनीज बुक नेसबसे बड़ी जीपीएस ड्रॉइंग मानते हुए वर्ल्ड रिकॉर्ड में शामिल कर लिया है। जब उसकी गर्लफ्रेंड को इस बारे में बता चला तो वह शादी से इनकार नहीं कर सकी। गूगल ने इस व्यक्ति की अप्रत्याशित कहानी को ट्वीट करजानकारी दी।For over 10 years, Tokyo resident Yasushi “Yassan” Takahashi has been creating GPS art with @googleearth and #StreetView—but it was his very first drawing that was his biggest, in more ways than one → https://t.co/O9dYPHyauy pic.twitter.com/dEXmwp9suc— Google (@Google) April 10, 2019 आज की ताज़ा ख़बरें पढ़ने के लिए दैनिक भास्
लिवर के लिए घातक है हेपेटाइटिस-बी, जानें इसके बारे में

लिवर के लिए घातक है हेपेटाइटिस-बी, जानें इसके बारे में

Health
लिवर शरीर का महत्तवपूर्ण अंग है, हेपेटाइटिस-बी लिवर से जुड़ी एक खतरनाक बीमारी है। अगर हेपेटाइटिस-बी का सही समय पर इलाज न किया जाए तो ये जानलेवा हो सकती है। आइये जानते हैं इस रोग के विभिन्न पहलुओं के बारे में... लक्षण कैसे सामने आते हैं?बुखार, थकान, भूख न लगना, उल्टी, पेटदर्द, काले रंग का मल-मूत्र, जोड़ों का दर्द, पीलिया जैसी समस्याएं होती हैं। लक्षणों के अलावा पुष्टि कैसे होती है ?रक्त की जांच से पहचान की जाती है। क्या रोगग्रस्त व्यक्ति स्वस्थ दिखता है ?कुछ मरीज ऐसे भी होते हैं जिन्हें तुरंत लक्षण महसूस नहीं होते और वे बाहर से स्वस्थ दिखते हैं। ऐसे मरीज अनजाने में खुद के साथ दूसरों में संक्रमण फैला सकते हैं। लंबे समय से पीडि़त मरीज को तो लक्षण महसूस होते रहते हैं जैसे पेट में पानी भरने, खून की उल्टियां, वजन घटने, भूख न लगने या किसी अन्य परेशानी में ली जाने वाली दवा से अचानक पीलिया होकर लिव
पंचगव्य से ठीक होंगी कई बीमारियां, जानें इसके फायदे

पंचगव्य से ठीक होंगी कई बीमारियां, जानें इसके फायदे

Health
गाय को हर रोग का उपचार करने में सक्षम माना है। चरक संहिता में पंचगव्य यानी गोदुग्ध (दूध), गोदधि (दही), गोघृत (घी), गोमूत्र (मूत्र) और गोमेह (गोबर) से कई रोगों के इलाज के बारे में कारगर बताया है। वहीं गोबर व गोमूत्र शरीर के शुद्धीकरण के लिए इस्तेमाल किए जा सकते हैं। आयुर्वेद विशेषज्ञ के अनुसार इन सभी चीजों में प्रचुर मात्रा में विटामिन-ए, बी12, सी, डी, पोटेशियम, सोडियम, कैल्शियम, प्रोटीन, फॉस्फोरस और एंटीबैक्टीरियल व एंटीसेप्टिक गुण पाए जाते हैं। इनसे रोग प्रतिरोधक क्षमता बढ़ती है, मेटाबॉलिज्म ठीक रहता है साथ ही ये दिमाग के लिए फायदेमंद है। खुजली, दाद, पेटदर्द, कब्ज, अपच और बवासीर आदि रोगों के इलाज में भी मददगार हैं। बनाने की विधि- गाय का दूध – 2 लीटर गाय के दूध का दही- 2 किलो गौ-मूत्र– 3 लीटर गाय का घी- आधा किलो ताजा गोबर गाय का- 5 किलो गन्ने का रस – 3 लीटर नारियल का पानी