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Tag: किडनी

महिलाओं की अपेक्षा पुरुष ज्यादा होते हैं किडनी डिस्फंक्शन के शिकार

महिलाओं की अपेक्षा पुरुष ज्यादा होते हैं किडनी डिस्फंक्शन के शिकार

Health
किडनी फंक्शन में असामान्यता महिलाओं की तुलना में पुरुषों में अधिक है, जहां 19 फीसदी पुरुष किडनी डिस्फंक्शन का शिकार हैं, वहीं किडनी डिस्फंक्शन से पीड़ित महिलाओं की संख्या नौ फीसदी है। एसआरएल डायग्नॉस्टिक्स के 10 लाख से ज्यादा जांच परिमाणों पर आधारित सर्वे में यह निष्कर्ष सामने आया है। एसआरएल डायग्नॉस्टिक्स ने एक सर्वे में पाया कि देश के अन्य राज्यों की तुलना में भारत के पूर्वी राज्यों में रहने वाले लोगों में गुर्दे संबंधी जांचों के परिणाम ज्यादा असामान्य पाए गए हैं। ये परिणाम 2016 से 2018 के बीच देश भर में किडनी फंक्शन टेस्ट के परिणामों पर आधारित हैं। एसआरएल के सर्वेक्षण में सामने आया कि किडनी फंक्शन में असामान्यता (क्रिएटिनाईन और यूए दोनों) पूर्वी क्षेत्रों में सबसे ज्यादा पाई गई (16 फीसदी), जबकि उत्तरी क्षेत्रों में यह 15 फीसदी पाई गई। जेंडर के आधार पर असामान्यता की बात करें तो किडनी फंक

World Kidney Day 2019 : किडनी की बीमारी से चाहते है बचाव तो इन बातों पर करें अमल

India
शरीर में दो किडनी होती हैं। जब किडनी खराब हो जाती है तो इसके इलाज के दो ही विकल्प होते है। पहला ताउम्र डायलिसिस पर रहना या फिर किडनी ट्रांसप्लांट कराना। Jagran Hindi News - news:national
10 लाख से ज्यादा लोगों पर सर्वे के मुताबिक 9% महिलाओं की तुलना में 19% पुरुषों की किडनी ज्यादा खराब

10 लाख से ज्यादा लोगों पर सर्वे के मुताबिक 9% महिलाओं की तुलना में 19% पुरुषों की किडनी ज्यादा खराब

Delhi
नई दिल्ली.किडनी ट्रांसप्लांट के बाद भी मरीज के पूरी तरह स्वस्थ नहीं होने पर एम्स ने चिंता जताई है। इसलिए यहां ट्रांसप्लांट की नौबत नहीं आने देने के लिए मरीज को जागरूक किया जा रहा है। विभाग में आने वाले मरीजों से कहा जा रहा है कि साल में कम से कम एक बार यूरीन में प्रोटीन और ब्लड में क्रिएटिन की जांच जरूर करा लें, जिससे पता चल सके कि आपकी किडनी ठीक से काम कर भी रही है या नहीं। इस तरह किडनी फेलियर से बचा जा सकता है। वहीं एक प्राइवेट डायग्नोस्टिक लैब ने 10 लाख से ज्यादा लोगों पर सर्वे के आधार पर कहा है कि 9 फीसदी महिलाओं की तुलना में 19 फीसदी पुरुषों की किडनी ज्यादा खराब है। इसके साथ ही देश के अन्य राज्यों की तुलना में पूर्वी राज्यों में रहने वाले लोगों में किडनी संबंधी जांचों के परिणाम ज्यादा असामान्य पाए गए।ट्रांसप्लांट के बाद सीएनवीऔर बीके वायरस जकड़ लेता है :बुधवार को वर
वर्ल्ड किडनी डे आज : 10 लाख से ज्यादा लोगों पर सर्वे के मुताबिक 9% महिलाओं की तुलना में 19% पुरुषों की किडनी ज्यादा खराब

वर्ल्ड किडनी डे आज : 10 लाख से ज्यादा लोगों पर सर्वे के मुताबिक 9% महिलाओं की तुलना में 19% पुरुषों की किडनी ज्यादा खराब

Delhi
किडनी ट्रांसप्लांट के बाद भी मरीज के पूरी तरह स्वस्थ नहीं होने पर एम्स ने चिंता जताई है। इसलिए यहां ट्रांसप्लांट की नौबत नहीं आने देने के लिए मरीज को जागरूक किया जा रहा है। विभाग में आने वाले मरीजों से कहा जा रहा है कि साल में कम से कम एक बार यूरीन में प्रोटीन और ब्लड में क्रिएटिन की जांच जरूर करा लें, जिससे पता चल सके कि आपकी किडनी ठीक से काम कर भी रही है या नहीं। इस तरह किडनी फेलियर से बचा जा सकता है। वहीं एक प्राइवेट डायग्नोस्टिक लैब ने 10 लाख से ज्यादा लोगों पर सर्वे के आधार पर कहा है कि 9 फीसदी महिलाओं की तुलना में 19 फीसदी पुरुषों की किडनी ज्यादा खराब है। इसके साथ ही देश के अन्य राज्यों की तुलना में पूर्वी राज्यों में रहने वाले लोगों में किडनी संबंधी जांचों के परिणाम ज्यादा असामान्य पाए गए। इस साल की थीम ‘किडनी हेल्थ फॉर एवरी वन, एवरी वेयर’, डॉक्टर बोले- सजगता ही
क्रोनिक किडनी रोगों काे बढ़ा रहा है वायु प्रदूषण

क्रोनिक किडनी रोगों काे बढ़ा रहा है वायु प्रदूषण

Health
बढ़ती जीवन प्रत्याशा व जीवनशैली की बीमारियों के प्रसार के साथ भारत में क्रोनिक किडनी रोग (सीकेडी) में उल्लेखनीय वृद्धि देखी गई है। चिकित्सकों का कहना है कि बढ़ता वायु प्रदूषण भी क्रोनिक किडनी रोगों के बढ़ते जोखिम का एक कारक है। विशेषज्ञों के मुताबिक, सीकेडी की बढ़ती घटनाओं के साथ भारत में डायलिसिस से गुजरने वाले रोगियों की संख्या में भी हर साल 10 से 15 प्रतिशत की वृद्धि हो रही है। इस प्रतिशत में कई बच्चे भी शामिल हैं।दुर्भाग्य से, लगातार बढ़ती घटनाओं के बावजूद, गुर्दे की बीमारी को अभी भी भारत में उच्च प्राथमिकता नहीं दी जाती है। सीकेडी के उपचार और प्रबंधन का आर्थिक कारक भी रोगियों और उनके परिवारों के लिए एक प्रमुख चिंता का विषय है। आकाश हेल्थकेयर में नेफ्रोलॉजी और रीनल प्रत्यारोपण के वरिष्ठ सलाहकार और निदेशक डॉ उमेश गुप्ता ने कहा, ''सीकेडी लाइलाज और बढ़ने वाली बीमारी है जो समय के साथ गुर्द
विश्व किडनी दिवस : किडनी को भी फेल कर सकता है सिगरेट का एक कश

विश्व किडनी दिवस : किडनी को भी फेल कर सकता है सिगरेट का एक कश

Health
सिगरेट के धुएं से केवल फेफड़े नहीं जलते, यह किडनी तक को गंभीर नुकसान पहुंचा सकता है और इसके लिए यह जरूरी नहीं आप खुद धूम्रपान करते हों। अगर आप दूसरों के द्वारा छोड़े गए बीड़ी-सिगरेट के धुएं को लेते हैं... Live Hindustan Rss feed
सिगरेट, गुटखा और तंबाकू भी हैं किडनी के दुश्मन

सिगरेट, गुटखा और तंबाकू भी हैं किडनी के दुश्मन

Health
किडनी स्वस्थ रखने के जितना प्यास लगे उतना ही पीएं। ऐसा नहीं है कि ज्यादा पानी पीने से किडनी ज्यादा स्वस्थ रहती है। सामान्यत: 10-12 गिलास पानी पीना चाहिए। व्यक्ति की दिनचर्या के अनुसार पानी की मात्रा बढ़ सकती है। सवाल : यूरिन रोकने से किडनी पर क्या असर पड़ता है? यूरिन रोकने से किडनी पर सीधा असर नहीं पड़ता है। पित्त की थैली की कार्यप्रणाली प्रभावित होती है। इससे संक्रमण हो सकता है जिससे किडनी भी संक्रमित हो सकती है। सवाल : प्रोटीन ज्यादा लेने से क्या किडनी खराब होती है?ऐसा नहीं है। यदि किडनी खराब हो चुकी है तो किडनी की स्थिति के अनुसार प्रोटीन निर्धारित किया जाता है। ऐसे में तय मात्रा से ज्यादा लेने से दिक्कत हो सकती है। सवाल : दर्द निवारक दवाएं कैसे नुकसान पहुंचाती हैं?दर्द निवारक दवाएं किडनी पर गलत प्रभाव डालती हैं। लगातार किसी रूप में दर्द निवारक व कैंसर की दवाएं किडनी के नेफ्रॉन्स पर गलत
महिलाओं को अधिक रक्तस्राव, संक्रमण से खराब होती है किडनी

महिलाओं को अधिक रक्तस्राव, संक्रमण से खराब होती है किडनी

Health
महिलाओं में अधिक रक्तस्राव से ब्लड प्रेशर कम हो जाता है। इससे किडनी में रक्त प्रवाह धीमा होता है। यह शरीर में प्रवाहित 20 से 25 फीसदी रक्त को शुद्ध करने का काम करती है। यह प्रक्रिया बंद होने पर किडनी डेड हो जाती है। गर्भपात का खतरा ज्यादा गर्भावस्था के दौरान क्रॉनिक किडनी डिजीज होने पर गर्भपात का खतरा बढ़ जाता है। गर्भावस्था के दौरान बीमारी से गर्भस्थ शिशु का सही तरीके से विकास नहीं हो पाता है। बच्चे को स्वास्थ्य संबंधी कई समस्याएं हो सकती हैं। शादी से पहले यह बीमारी होने पर महिलाओं में नि:संतानता की आशंका रहती है।एंटीबॉडीज भी बड़ी वजह ल्यूपस नेफ्रोपैथी किडनी रोग से जुड़ी बीमारी है। महिला के शरीर में एंटीबॉडीज बनने लगती है जो किडनी की स्वस्थ कोशिकाओं को खत्म करने का काम करने लगता है जिसका सीधा असर किडनी की कार्यक्षमता पर पड़ता है। नेफ्रॉन्स खराब होने लगते हैं। इसका समय रहते इलाज कराया जाए
परिवार में किसी को किडनी की दिक्कत तो रखें खास खयाल

परिवार में किसी को किडनी की दिक्कत तो रखें खास खयाल

Health
शरीर में दो किडनी (गुर्दे) होती है। किडनी लिवर के ठीक नीचे होती है। आंतरिक अंगों में सबसे बड़ी होती है। बाएं तरफ की किडनी दाहिनी की अपेक्षा छोटी होती है। किडनी खून में मौजूद टॉक्सिन्स (विषैले तत्वों) को छान कर साफ करती है जो यूरिन के जरिए बाहर निकलते हैं। इन लक्षणों पर ध्यान देंक्रॉनिक किडनी डिजीज में किडनी पहले फूलती है फिर सिकुड़कर छोटी हो जाती है। इसके लक्षण देर से दिखते हैं। रोगी के पैरों में सूजन, चेहरे पर सूजन, खून की कमी, भूख लगना बंद हो जाना, पेशाब की मात्रा में कमी, शरीर में खुजली, शरीर का रंग काला पडऩा प्रमुख लक्षण हैं। मरीजों में हृदय संबंधी समस्या भी होती है। महिलाओं को माहवारी में ज्यादा दर्द, संबंध के दौरान तकलीफ होती है। इन जांचों से करते बीमारी की पहचानकिडनी बीमारियों की पहचान के लिए ब्लड यूरिया, सिरम क्रिएटिनिन, सिरम इलेक्ट्रोलाइट व किडनी फंक्शन टेस्ट कराते हैं। 40 की उम्र
क्रोनिक किडनी डिजीज का होम्योपैथी व आयुर्वेद में भी है कारगर इलाज

क्रोनिक किडनी डिजीज का होम्योपैथी व आयुर्वेद में भी है कारगर इलाज

Health
किडनी बीमारियों की पहचान के लिए ब्लड यूरिया, सिरम क्रिएटिनिन, सिरम इलेक्ट्रोलाइट व किडनी फंक्शन टेस्ट कराते हैं। 40 की उम्र के बाद ब्लड प्रेशर, डायबिटीज के मरीजों को ब्लड प्रेशर, एचबीए1सी की जांच कराते हैं। परिवार में किसी को किडनी रोग है तो अन्य को खास खयाल रखना चाहिए। इसका इलाज होम्योपैथी व आयुर्वेद में भी किया जाता है। स्थिति अनुसार तय करते दवा की पोटेंसी होम्योपैथी में इलाज किया जाता है। सामान्य सावधानियां बरतनी होती हैं। एलोपैथी के साथ होम्योपैथी दवाएं ले सकते हैं। खट्टी चीजों से परहेज करें। बैक्टीरिया, फंगल से यूरिनरी ट्रैक्ट इंफेक्शन (यूटीआई) होता है। बुखार, कंपकंपी व पैरों में सूजन आती है। इसके लिए लाइकोपोडियम, कैन्थारिस, नैट्रमम्यूर दवाएं देते हैं। स्टोन यदि दाहिनी तरफ है तो लाइकोपोडियम व बर्बैरिस बल्गैरिस, हाइड्रेन्जिया जैसी दवाएं देते हैं। दवाओं की पोटेंसी व मात्रा चिकित्सक तय क